च छ ज झ


चकां= टपकता हुआ, स्त्रावण
चाक़= चौकन्ना, चुस्त, उद्यमी, स्वस्थ, मोटा, चुस्त-दुस्र्स्त
चाक़ू= छोटी छुरी
चीज़= वस्तु, पदार्थ, सामग्री
चितवन= आकार, दृष्टि, दिखावट
चंद= कितना, कितने, कुछ, कितनी बार, कितनी देर
चांद= चन्द्रमा
चांदनी= चन्द्रमा का प्रकाश
चादर= बिछौना, घूंघट, जलप्रपात
चांदी= चांदी (धातु), धन
चैन= आसानी, सुख, शांति, आराम
चमक= झलक, दीप्ति, जगमगाहट, चौंध
चमन= पुष्प वाटिका
चराग=़ दीपक
चारा= औषधि, चिकित्सा, सहायता, उपाय
चारागाह= गौचर भूमि
चाल= चलने का ढंग, रीति, धोखा
चालाक= चतुर, प्रवीण, र्धूत, कपटी
चिलमन= चिक
चश्म= आंख, आशा
चश्म-ए-ब ूर= नजर न लगे
चश्म-ओ-चिराग=़ आंख का प्रकाश, प्रिय
चस्मक= आंख मारना, झपक, असम्मति, मिथ्याबोध
चुस्त= सावधान, चाालाक, उद्यमी, वेगशील, तंग, तना हुआ
चह= लघुसंज्ञा बनाने के प्रयोग में आता है
चाह= इच्छा, लालसा, प्यार, आवश्यक्ता, चुनाव
चेहरा= मुख, छवि, मुखौटा

जंग= युद्ध, लड़ाई
जागीर= सम्पत्ति(भूमि की)
जिगर= यकृत, हृदय, आत्मा, मन
जज़्ब= आकर्षण, लोभ, मोह
जज़्बा= लालसा, भावना, आवेश, आवेग, चाव
जाज़िब= मनमोहक, आकर्षक
जादू= जादू, तिलिस्म, टोना, मोहना, प्रेतात्मा का प्रभाव
जुदा= विभाजित, बिखरा हुआ, अलग, पृथिक, अनूठा
जुदाई= अनुपस्थिती, अलग होना, विरह
जन्नत= स्वर्ग, उपवन
जनाज़ा= अर्थी, शवयात्रा
जनाब= श्रीमान्, माननीय
जान= आत्मा, जीवन, मन, शक्ति, प्रेमी, प्रेमिका, प्रिया, प्रिय
जानी= जीवन सम्बन्धी
जानी= एक प्रेमी या प्रेमिका
जुनून= उन्माद, पागलपन
जफ़ा= अन्याय, अत्याचार, घाव
जबीं= माथा
जमाल= सुन्दरता, सुडौलपन
जाम= प्याला
जुम्बिश= हरकत, गति
जायज़(जाईज़)= नियमानुकूल, अनुमति अनुसार
जायदाद= सम्पंत्ति, भू सम्पत्ति, वैयंक्तिक सम्पत्ति
जारी= वर्तमान, प्रचलित, आधुनिक, नित्य, लगातार
जुर्म= अपराध, दोष
जुर्माना= अर्थ दंड, हरजाना
जलाल= प्रताप, तेज, विशालता
जल्वा= चमक, प्रदर्शन, प्रताप, दिखाव
जा’ल= नकली
जवान= युवा, किशोर
जवाब= उत्तर, समता, बराबर, समानांतर
जवाहर(जवाहिर)= रत्न, मणि
(जौहर का बहुवचन)
जश्न= उत्सव, भोज
जोश= गर्मी, तत्परता, उत्साह, आवेग, लालसा
जिस्म= शरीर
जुस्तजू= खोज, पूछ ताछ, तलाश
जहन्नुम= नरक
जहाज़= पोत, नाव
जहान= संसार
जाहिल= मूर्ख, अनपढ़, जंगली अशिष्ट

ज़
ज़ौ= प्रकाश, सूर्य का प्रकाश
ज़’इफ़= निर्बल, अपंग, असहाय, क्षीणशक्ति, वृद्ध, दुर्बल
ज़ा’इ= पराजय, विनष्ट, फलहीन, व्यर्थ
ज़ाकिर= कृतज्ञ, याद करते हुए
ज़ाकिर= कृतज्ञजन, भगवान् की प्रशंसा की कविता
ज़ीक़= शोक, सन्ताप, विषाद, उदासी
ज़िक्र= स्मरण, सुध, याद, क़ुरान का पाठ
ज़ुकाम= ठंड लगना(बीमारी)
ज़ौक़= स्वाद, स्र्चि
ज़ख्म़= घाव, हानी, क्षति
ज़ात= आत्मा, स्वयं, जाति, वर्ग
ज़ाति= अंतर्जात, पैदायशी, स्वाभाविक, प्राकृतिक
ज़दा= चोट खाया हुआ, दलित
ज़ि = विपरीत, विस्र्द्ध, प्रतिकूल, असंगत, हठ
ज़ूद= शीघ्र, अचानक, तुरन्त
ज़न्जीर= कड़ी
ज़न्न= सन्देह
ज़िन्दां= कारागार, बन्दीगृह
ज़िन्दा= सजीव, प्राणी
ज़िन्दगी= जीवन, जीविका, अस्तित्व
ज़िन्हार= कभी नहीं, किसी तरह भी नहीं
ज़िन्हार= सावधान!
ज़ीनत= सजावट, सुन्दरता
ज़फ़र= विजय, जीत, लाभ
ज़ु’फ़= निर्बलता
ज़बान= जीभ, भाषा, मोमबत्ती की ज्वाला
ज़बर= श्रेष्ठ, महान, चोटी, ऊपर, उत्तम
ज़बर्दस्त= शक्तिपूर्ण, प्रबल, क्रूर, उत्तम
ज़ाबित= संचालक, स्वामी, अधिकारी
ज़ाबित= कठोर, धैर्यवान, नियम का पालन करने वाला, अनुशासक
ज़ाबिता= नियम, रीति, अनुशासन, धर्मसंहिता
ज़ेबा= अलंकृत, सुन्दर, उचित, सुशोभित
ज़माना= समय, काल, काल चक्र
ज़मानत= प्रतिज्ञापत्र, विश्वास
ज़मीन= भूमि, धरती, पृथ्वी
ज़मीर= मन, हृदय, विचार, मनन, बोध
ज़ामिन= धर्मपिता, प्रतिभू, जमानतदार, विश्वास दिलाने वाला
ज़्यादा(ज़ियादा)= अधिकता, अत्याधिकता, अतिशय
ज़िया= प्रकाश, चमक, धूमधाम
ज़ियारत= तीर्थयात्रा, धर्मस्थल पर जाना
ज़र= स्वर्ण, सोना
ज़र्ब= घाव, चोट, पिटाई, प्रभाव, चिन्ह(ज़र्बात का बहुवचन)
ज़रर= घाव, हानि, विपदा, क्षति, शोक, व्यथा, पराजय, विनाश, बरबादी
ज़रिफ़= तीक्ष्ण, सूक्ष्म, कोमल
ज़रूर= आवश्यक, उचित, योग्य, निस्संदेह रूप से, पूर्ण रूप से
ज़रूरत= आवश्यकता, विवशता, चाहत
ज़ार= रोना, विलाप, उपवन, लालसा, इच्छा
ज़ेर= हारा हुआ, दबा हुआ, कमज़ोर
ज़ोर= शक्ति, बल, प्रभाव, दबाव
ज़लाल= गलती, भूल, अवगुण, खोट
ज़लील= नीच, घृणित, दुष्ट, अधम, तुच्छ
ज़ालिम= क्रूर, अत्याचारी
ज़िल्लत= मानहानि, अपमान, अनादर, नीचता
ज़ुल्फ़= घुंघराले बाल, लटाएं, केश, छल्ला
ज़ुल्म= अत्याचार, क्रूरता
ज़ह्मत= मन की परेशानी, विपदा, दर्द
ज़हर= विष
ज़हीर= साथी, मित्र, सहयोगी
ज़ाहिर= स्पष्ट, समक्ष, प्रत्यक्ष
ज़ाहिरा= स्पष्ट रूप से, प्रत्यक्ष रूप से
जेह़न= बुद्धि, तर्क, समझ, विवेक


झऱ्फ= गहरा, भेदता हुआ, तीव्रबुद्धि
झियां= क्रोधी, भीषण, लुटेरा, दास्र्ण
झाला=ओले, ओस, कोहरा
झोलीदा= बिखरा हुआ, गूढ़, उलझा हुआ, पेचीदा

च छ ज झ को 2 उत्तर

  1. harsha bharat shemlani says:

    L sabdh kahi dikhayi nahii deta?

एक उत्तर दें

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / बदले )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / बदले )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / बदले )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / बदले )

Connecting to %s

%d bloggers like this: